लखनऊ (राजधानी न्यूज):
उत्तर प्रदेश शासन ने पुलिस महकमे में देर रात एक बड़ा प्रशासनिक फेरबदल करते हुए 9 आईपीएस (IPS) अधिकारियों का ट्रांसफर कर दिया है. पुलिस महानिदेशक (DGP) मुख्यालय से जारी सूची के अनुसार राज्य के 7 जिलों के पुलिस कप्तानों को बदल दिया गया है.
हालिया विवादों के बीच मेरठ के एसएसपी अविनाश पांडेय को पद से हटाते हुए डीजीपी मुख्यालय से संबद्ध कर दिया गया है, जबकि झांसी के एसपी बीबीजीटीएस मूर्ति को मेरठ की नई जिम्मेदारी सौंपी गई है.
तबादला सूची: किस अफसर को कहां मिली तैनाती?
शासन द्वारा जारी तबादला आदेश के अनुसार अधिकारियों की नई नियुक्तियां इस प्रकार हैं:
| IPS अधिकारी का नाम | वर्तमान/पूर्व तैनाती | नई तैनाती / जिम्मेदारी |
| बीबीजीटीएस मूर्ति | एसपी, झांसी | एसएसपी, मेरठ |
| अविनाश पांडेय | एसएसपी, मेरठ | डीजीपी मुख्यालय से संबद्ध |
| विनीत जायसवाल | एसपी, गोंडा | एसपी, सुल्तानपुर |
| चारू निगम | एसपी, सुल्तानपुर | यूपी 112 (स्थानांतरित) |
| अभिषेक | एसपी, बिजनौर | एसपी, गोंडा |
| विकास कुमार | एसपी, बलरामपुर | एसएसपी, झांसी |
| के.के. बिश्नोई | एसपी, संभल | एसपी, बिजनौर |
| विकास चन्द्र त्रिपाठी | एएसपी, बाराबंकी | एसपी, संभल (प्रोन्नत IPS) |
| मार्तण्ड प्रकाश सिंह | एएसपी, हरदोई | एसपी, बलरामपुर (प्रोन्नत IPS) |
मेरठ में विवाद के बाद गिरी गाज, प्रोन्नत अफसरों को कप्तानी
पुलिस बल प्रयोग को लेकर हाल के दिनों में विवादों में घिरे मेरठ के एसएसपी अविनाश पांडेय को हटाकर डीजीपी मुख्यालय से अटैच किया गया है. वहीं, झांसी के कप्तान रहे बीबीजीटीएस मूर्ति को मेरठ जैसी महत्वपूर्ण कानून-व्यवस्था वाले जिले की कमान सौंपी गई है.
- नए प्रोन्नत अफसरों को मौका: शासन ने हाल ही में प्रांतीय पुलिस सेवा (PPS) से आईपीएस (IPS) कैडर में प्रोन्नत हुए अफसरों पर भी भरोसा जताया है. बाराबंकी में एएसपी रहे विकास चन्द्र त्रिपाठी को संभल जिले का नया एसपी बनाया गया है. इसके अलावा हरदोई में एएसपी रहे मार्तण्ड प्रकाश सिंह को बलरामपुर के नए पुलिस कप्तान की कमान दी गई है.
- सुल्तानपुर और गोंडा में फेरबदल: गोंडा के एसपी विनीत जायसवाल को सुल्तानपुर भेजा गया है, वहीं सुल्तानपुर की कप्तान रहीं चारू निगम को यूपी 112 में तैनात किया गया है. बिजनौर के एसपी रहे अभिषेक अब गोंडा जिले की कमान संभालेंगे.
शासन का कहना है कि यह प्रशासनिक फेरबदल जिलों में कानून-व्यवस्था को और अधिक चुस्त-दुरुस्त और प्रभावी बनाने के उद्देश्य से किया गया है.




